टोयोटा किर्लोस्कर मोटर ने मिज़ोरम सरकार के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर किए, दृष्टिबाधित लोगों के रोजगार कौशल को बढ़ाने के लिए या
यह पहल दृष्टिबाधित व्यक्तियों को असिस्टिव मोबिलिटी डिवाइस और एडवांस्ड लर्निंग टूल्स उपलब्ध कराकर सशक्त बनाने का लक्ष्य रखती है।
आइजोल, 02 जुलाई 2026: टोयोटा किर्लोस्कर मोटर (टीकेएम) ने आज मिज़ोरम सरकार के सोशल वेलफेयर डिपार्टमेंट के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए। इस पहल का उद्देश्य राज्य में दृष्टिबाधित समुदाय के लिए मोबिलिटी, शिक्षा तक पहुँच, शिक्षा की गुणवत्ता और रोजगार अवसरों को बेहतर बनाना है।
एमओयू का आदान-प्रदान माननीय मंत्री सुश्री लालरिनपुई, स्वास्थ्य एवं सामाजिक कल्याण विभाग, मिज़ोरम सरकार, और सुश्री लालज़ार्मावी, आईएएस, कमिश्नर-कम-सेक्रेटरी, मिज़ोरम सरकार की उपस्थिति में आइज़ोल में हुआ। इस अवसर पर श्री रमेश राव, वाइस प्रेसिडेंट, टोयोटा किर्लोस्कर मोटर और श्री सचिन शर्मा, वाइस प्रेसिडेंट, टोयोटा किर्लोस्कर मोटर भी उपस्थित रहे।
मिज़ोरम में 2,035 दृष्टिबाधित व्यक्ति रहते हैं, जिनमें से वर्तमान में 1% से भी कम लोग रोजगार में हैं। राज्य का कठिन भू-भाग और मोबिलिटी उपकरणों की सीमित उपलब्धता दृष्टिबाधित समुदाय की आवाजाही और अवसरों तक पहुँच को गंभीर रूप से प्रभावित करती है। इसके अलावा, राज्य के दृष्टिबाधित छात्रों के लिए बने रेज़िडेंशियल स्कूल में ब्रेल साहित्य और आधुनिक लर्निंग संसाधनों की कमी है, जिससे छात्रों की प्रतियोगी परीक्षाओं की स्वतंत्र तैयारी और नए ज्ञान अर्जन की क्षमता सीमित हो जाती है।
इन चुनौतियों का समाधान करने के लिए, टीकेएम और सोशल वेलफेयर डिपार्टमेंट इस पहल को चरणबद्ध तरीके से लागू करेंगे। पहले चरण में 250 नविनॉट असिस्टिव मोबाइल डिवाइस पायलट प्रोजेक्ट के रूप में वितरित किए जाएंगे। इसके साथ ही दुरतलांग, आइज़ोल स्थित स्पेशल ब्लाइंड स्कूल को ब्रेल कंप्यूटर, प्रिंटर और एआई स्कैनर उपलब्ध कराया जाएगा। पायलट चरण के परिणामों के आधार पर, दूसरे चरण में अतिरिक्त 930 उपकरण वितरित किए जाएंगे। इस पहल से दृष्टिबाधित व्यक्तियों को सुरक्षित मोबिलिटी सपोर्ट मिलेगा, ज्ञान बढ़ाने के लिए शिक्षकों और सहायकों पर निर्भरता समाप्त होगी और छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं की स्वतंत्र तैयारी करने में सक्षम बनाया जाएगा।
माननीय मंत्री सुश्री लालरिनपुई, स्वास्थ्य एवं सामाजिक कल्याण विभाग, मिज़ोरम सरकार ने कहा, “विकास तभी सार्थक होता है जब वह उन तक पहुँचे जो सबसे बड़ी बाधाओं का सामना करते हैं। मिज़ोरम में कई दृष्टिबाधित व्यक्तियों के लिए मोबिलिटी और शिक्षा तक पहुँच से जुड़ी चुनौतियों ने शिक्षा और रोजगार के अवसरों को सीमित कर दिया है। हमारी ज़िम्मेदारी है कि ये बाधाएँ किसी व्यक्ति के भविष्य को परिभाषित न करें। यह सहयोग एक अधिक समावेशी राज्य बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, जहाँ हर व्यक्ति को सीखने, योगदान देने और स्वतंत्र जीवन जीने का अवसर मिले।”
श्री विक्रम गुलाटी, कंट्री हेड एवं एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट, कॉर्पोरेट अफेयर्स, टोयोटा किर्लोस्कर मोटर ने कहा, “हम मोबिलिटी को मानव क्षमता को उजागर करने का माध्यम मानते हैं। जब तकनीक किसी व्यक्ति को स्वतंत्र रूप से चलने, जानकारी तक पहुँचने और आत्मविश्वास के साथ अपने सपनों को पूरा करने में मदद करती है, तो उसका प्रभाव परिवहन से कहीं आगे तक जाता है। मिज़ोरम सरकार के साथ इस सहयोग के माध्यम से, हम असिस्टिव मोबिलिटी सॉल्यूशंस और लर्निंग टूल्स ला रहे हैं जो रोज़मर्रा की ज़िंदगी में सार्थक बदलाव ला सकते हैं। हमारा विश्वास है कि नवाचार तभी वास्तव में मूल्यवान होता है जब वह बाधाओं को दूर करता है और लोगों को अधिक स्वतंत्र और संतोषजनक जीवन जीने के अवसर प्रदान करता है।”
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